Transcript of چند رقص محلی از قریه سید منان
Tanze Shokh طنز شوخ
0:00कि तुम लखन हमारी यह बहुत किरण0:04बेदी के बारे में जिन लड़कियों को इतने0:08बड़े बाल खोल अच्छी तरह0:13से यह अभी तक0:18अधर में0:24[प्रशंसा]0:43[संगीत]0:43[प्रशंसा]0:49[संगीत]0:50[प्रशंसा]0:55[संगीत]0:55[प्रशंसा]1:00मेरा1:03टैबलेट1:05कहां है1:22अजय को1:29ऑन1:41कर दो1:44[संगीत]1:49[प्रशंसा]1:52[संगीत]2:01जो2:01[संगीत]2:07अलार्म्स ॐ भ्रां कुर्बानी तू सुनियो रे2:12हल्ला2:14[संगीत]2:16युधिष्ठिर2:18हॉलों2:20[संगीत]2:21रामा लुट ट्यूमर आंख2:26यौन2:29मां अब2:34हैप्पी2:36पसंदगी वफादार2:40ज़ि2:42हलवा टीमों2:45चीफ लेदर के2:51खैर सुख करई मन खराब हो यूं2:55[संगीत]2:56अगस्त उग्र इन स्थलों3:01अय्या गया तू कविता के थ्रू इतना में3:06अक्षय बदले वादक की मां इश्वरी नीतियों3:12के3:15खिलाफ3:17नामों3:18पर शुक्र और आखिरी जमीनों के3:26खा लो3:39कि3:41अरे तेरे नाल इश्क अजय को
120 words · 49 lines







